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 जैन हिन्दी समाचार (Jain News in Hindi)  2010
  

  जैन मंदिर से 13 प्रतिमाए चोरी
  झाल्लारा,जुलाई 14, 2010:  झाल्लारा क्षेत्र के घोलगिरखेडा स्थित दिगंबर जैन मंदिर से गत रात्रि अज्ञात बदमाश भगवान की एक दर्जन से अधिक प्रतिमाए, चांदी के आभूषण, दानपात्र आदि चुरा ले गए|  सुबह सूचना मिलने पर थाने से पुलिसकर्मी मंदिर पहुचे | जाच करने के बाद पुलिस ने चोरो के पदचिन्हो का पिछा करते हुए मंदिर से करीब आधा किलोमीटर दूर ओडा गांव के पास एक खेत में पहुचें| तलाशी के दोरान पुलिस ने वहा झाडियो में छिपा कर रखी ग्यारह मूर्तियो को बरामद किया|  - दैनिक भास्कर

  दिगंबर जैनाचार्य 108 बाहुबली सागर का देवलोकगमन

  जयपुर, May 11, 2010: दिगंबर जैनाचार्य 108 बाहुबली सागर का सोमवार शाम पांच बजे जयपुर के चूलगिरी अतिशय क्षेत्र में देवलोकगमन हो गया। वे 86 वर्ष के थे। लम्बे समय से बीमार चल रहे जैनाचार्य आगरा रोड पर राणाजी की नसियां में विराजमान थे। उनके देवलोकगमन से दिगंबर जैन समाज में शोक छा गया। उनकी अंतिम यात्रा मंगलवार सुबह 9 बजे राणाजी की नसियां (खानियां) से चूलगिरि जाएगी। यहां धार्मिक क्रियाओं के साथ अंतिम संस्कार होगा। जैसे ही जैन समाज के लोगों तक यह समाचार पहुंचा, उनका राणाजी की नसियां पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया।
  अखिल भारतवर्षीय दिगंबर जैन परिषद के प्रदेश मंत्री विनोद जैन कोटखावदा ने बताया कि आचार्य की प्रेरणा से दिल्ली रोड पर गुड़गांव के पास अतिशय सिद्धांत क्षेत्र में भव्य जिनालय का निर्माण कराया गया। परिषद के अध्यक्ष राजेंद्र ठोलिया, गणेश राणा, निर्मल गोधा सहित जैन समाज के लोगों ने कहा कि अहिंसा व शाकाहार के उत्थान तथा जैन संस्कृति की रक्षा के लिए वे हमेशा याद किए जाएंगे। - Bhaskar news

आचार्यश्री 108 वर्धमानसागरजी महाराज ससंघ का कोलकाता आगमन
  April 5, 2010 : दिगम्बर जैन आचार्य चरित्र चक्रवर्ती श्री 108 शांतिसागरजी महाराज  की परम्परा के वर्तमान पट्टाचार्य  वात्सल़्य वारिधि जिनधर्म प्रभावक  आचार्यश्री 108 वर्धमानसागरजी महाराज ससंघ के आज कोलकाता महानगरी में मंगल आगमन पर 
 शत्  शत् वन्दन 
 शत् - शत् वन्दन 
 श्री दिगम्बर जैन मुनिसंघ व्यवस्था समिति कोलकाता

 

  ऋषभदेव के जन्मोत्सव पर मेला 8 मार्च से
  ऋषभदेव,8 मार्च, 2010 : प्रसिद्ध जैन तीर्थ ऋषभदेव में जैन धर्म के प्रथम तीर्थकंर व सभी धर्मो व जातियों के आस्था का केंद्र भगवान ऋषभदेव के जन्मोत्सव पर विशाल तीन दिवसीय मेला आज से शुरु होगया है|
  मेले में राजस्थान, मध्यप्रदेश, गुजरात, महारा्ष्ट्र आदि राज्यो के काफी संख्या में भक्त आते है| देवस्थान विभाग द्वारा आयोजित मेले में विशेष रुप से 8 मार्च अष्टमी को भगवान का जन्मोत्सव मनाया जाता है | इस दिन प्रातः 6 बजे मंदिर के गजर बजने के साथ मुख्य दरवाजे के ऊपर 21 तोपो की सलामी के साथ मंदिर का मुख्य फाटक खुलता है | प्रातः 8 बजे भगवान का जलाभिषेक दुग्धाभिषेक व केसर पूजा भी होती है जिसकी बोली लगाई जाती है |
  इस दिन सायं 4 बजे फोज पल्टन के साथ भगवान की शोभायात्रा सलामी के साथ प्रारंभ्भ होकर मुख्य बाजारो से होती हुई पग्लया पहुचती है| यहा अभिषेक, पूजा व आरती के बाद शोभायात्रा पुनः मंदिर पहुचती है| मध्य रात्रि को भगवान के जन्म कल्याणक महोत्सव की आरती होती हैः

   

                                                                                            

                                                                        (Hindi Version)

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